तस्वीरों में जेल का इतिहास

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    • Author, पॉल कर्ले
    • पदनाम, बीबीसी न्यूज़ मैगज़ीन
  • प्रकाशित

इंग्लैंड और वेल्स के पुराने जेलों को बंद किया जा रहा है और उनकी जगह ले रहे हैं नए बेहतर तरीक़े से बनाए गए जेल.

इस साल गर्मियों में उत्तरी लंदन में मौजूद पश्चिमी यूरोप की सबसे बड़ी महिला जेल, हॉलोवे, बंद होने जा रहा है.

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क़ैदियों को सर्रे के दो जेलों में भेजा जा रहा है.

हॉलोवे को पहली बार देखकर लगता है कि ये कोई महल होगा

इमारत के बुर्ज और टावरों का निर्माण 1852 में किया गया था.

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शुरू में इसे 'न्यू सिटी ऑफ लंदन प्रिज़न' कहा जाता था. और पहले यहां महिला और पुरुष दोनों तरह के कैदियों को रखा जाता था.

नीचे की तस्वीर 1890 के दौर की है जिसमें पुरुष क़ैदियों को चलते हुए देखा जा सकता है.

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20वीं सदी के शुरुआत में हॉलोवे को केवल महिलाओं का जेल बना दिया.

1908 की ये अगली तस्वीरें इस जेल की कोठरियों की हैं.

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एक साल बाद ली गई इस तस्वीर में कुछ महिलाओं को खिड़कियों की सलाख़ों से स्कार्फ लहराते देखा जा सकता है.

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1970 और 1980 के शुरुआत में हॉलोवे को फिर से बनाया गया.

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इस जेल को दोबारा 1983 में खोला गया. विक्टोरियन काल के बुर्ज की जगह अब लाल पत्थरों ने ले लिया था.

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ऐतिहासिक इंग्लैंड के जेल विशेषज्ञ ऐलन ब्रॉडी कहते हैं, "मध्य युग के बाद से जेलों को शहरी इमारतों के अंदर बनाया जाता था जहां क़ानून लागू करने वाले प्राधिकरण का दफ्तर होता था, जैसे टाउन हॉल."

"कुछ जगहों पर बिशप, आर्कबिशप क़ानून लागू करवाने के लिए ज़िम्मेदार होते थे और इसलिए उनके जेल ज्यादातर सबसे सुरक्षित इमारतों में होते थे."

नीचे दिख रहा लैंकास्टर कैसल, सी कैटेगरी जेल था. जेल मार्च 2011 में बंद हो गया और अब ये पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र है.

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ब्रॉडी कहते हैं, "19वीं सदी के दौरान नए जेल अक्सर उन्हीं महलों के स्थानों पर बनाए जाते थे जहां पहले भी जेल हुआ करते थे."

मध्ययुगीन महल के अवशेष पर बनाया गया ग्लॉस्टर जेल 2013 में बंद हो गया.

इस साइट का एरियल फोटो सितंबर 1928 में लिया गया था.

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ऑक्सफोर्ड का जेल भी एक महल के साइट पर बनाया गया था. इसे 1996 में बंद कर दिया गया और अब इसे आलीशान होटल में तब्दील कर दिया गया है.

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स्टैफोर्ड में 18वीं सदी की मूल इमारत में पंखों वाला अहाता भी मौजूद था.

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ब्रॉडी बताते हैं, "1834 में एक चंद्राकार विंग खड़ा किया गया था. किसी भी ब्रिटिश जेल में ये इकलौता ऐसा उदाहरण है और ये अब भी मौजूद है."

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1820 के शुरुआत में दक्षिण लंदन के ब्रिक्सटन में निर्माण हुए नए जेल में छह क़ैदी संचालित ट्रेडमिल स्थापित किए गए थे जिससे मकई मिल चलाया जाता था.

वॉटर वील जैसे दिखने वाले इस ट्रेडमिल पर कैदियों को सज़ा के तौर पर चलाया जाता था.

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19वीं सदी के मध्य से इस जेल में केवल महिलाओं के रहने का प्रावधान रह गया.

अगली तस्वीर में कैदियों को कथित 'मौन घंटे' के दौरान विंग बॉलकोनी में बैठे दिखाया गया है.

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मूल अष्टकोणीय गवर्नर हाउस अभी भी वहां मौजूद है. लेकिन अब ये जेल का मुख्य प्रशासनिक विंग बन गया है.

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1830 के दौरान वहां की सरकार जेलों के बेहतर डिज़ाइन अमरीका से सीखने लगी.

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उत्तरी लंदन के पेंटॉनविले के डिज़ाइन की नक़ल देश भर के विक्टोरियन जेलों में देखे जा सकते हैं.

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18वीं सदी के लंकाशायर स्थित प्रेस्टॉन जेल में 1840 के दौरान कुछ बदलाव किए गए.

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पेंटॉनविले से प्रभावित होकर एचएमपी मैनचेस्टर का खाक़ा बनाया गया था, जो 1868 में खुला.

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1800 के दौरान कुछ जेल इस उद्देश्य के साथ बनाए गए थे कि वो अपराधियों के सुधार के लिए अनुकूल हो.

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द 'स्क्रब्स' अपने मुख्य दरवाज़े के कारण लोकप्रिय है जिसका निर्माण 1885 में ख़त्म हुआ था.

इंग्लैंड के सभी जेलों की तुलना में इस जेल में सबसे बड़ा चर्च था.

ऐलन ब्रॉडी कहते हैं, "हर विंग को उत्तर से दक्षिण की ओर इस तरह बनाया गया था जिससे हर कोठरी में बाहर से रौशनी आ सके. ये शायद समकालीन अस्पताल प्लानिंग से प्रभावित होकर किया गया था."

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ऊपर की 1890 की एक तस्वीर में माएं अपने बच्चों के साथ व्यायाम यार्ड में देखी जा सकती हैं.

19वीं सदी के अंत तक जेल आबादी घट रही थी. ब्रॉडी के मुताबिक पहले विश्व युद्ध से लेकर 1940 तक कैदियों की संख्या 10 हज़ार रही.

इसके कारण ज्यादातर शहरी इलाकों में 36 इंग्लिश और वेल्श जेल बंद कर दिए गए.

लेकिन द्वितीय विश्व युद्ध के बाद कैदियों की संख्या अचानक से बढ़ जाने से 13 जेलों को दोबारा खोला गया.

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एक पुरानी जेल का हिस्सा अब कार पार्किंग के लिए इस्तेमाल होता है.

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