बाल-बाल बचे लीबिया के प्रधानमंत्री

Abdullah al-Thinni
प्रकाशित

लीबिया के अंतरराष्ट्रीय मान्यता प्राप्त प्रधानमंत्री अब्दुल्ला अल थानी मंगलवार को एक जानलेवा हमले में बाल-बाल बच गए.

एक सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि प्रधानमंत्री की कार पर बंदूक़धारियों ने राजधानी टोबुर्क में उस समय गोलियां चलाईं, जब वे संसद सत्र के बाद लौट रहे थे. हमले में उनका एक अंगरक्षक घायल हुआ हो गया.

हमले के बाद टीवी चैनल अल अरबिया से थानी ने कहा कि भगवान का शुक्र है हम बचने में कामयाब रहे.

अशांत लीबिया

साल 2011 में कर्नल गद्दाफी को अपदस्थ किए जाने के बाद से लीबिया अशांत बना हुआ है.

टोबुर्क में प्रदर्शन करता एक व्यक्ति

मिलिशिया द्वारा 2014 में राजधानी त्रिपोली से निकाले जाने के बाद से अल थानी टोबुर्क से देश चलाने की कोशिश कर रहे हैं.

त्रिपोली में लीबिया की वैधानिक सरकार होने का दावा करने वाले एक समूह से अल थानी की सरकार को चुनौती मिलती रही है.

समाचार एजेंसी रॉयटर्स को कुछ अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार को संसद भवन के बाहर लोग अल थानी सरकार के विरोध में प्रदर्शन करने के लिए जमा हुए थे.

कर्नल गद्दाफी
इमेज कैप्शन, साल 2011 में कर्नल गद्दाफी को अपदस्थ कर दिया गया था.

प्रदर्शनकारियों ने संसद भवन के बाहर एक कार में आग लगा दी. ख़बरों के मुताबिक़ संसद के अध्यक्ष अकीला सालेह ने प्रधानमंत्री को अपनी सुरक्षा के लिए वहां से चले जाने को कहा.

अल थानी की सरकार पहले बेनगाज़ी में संसद स्थापित करना चाहती थी, लेकिन सरकारी सुरक्षा बलों और इस्लामिक चरमपंथियों के बीच भारी गोलीबारी के बाद उन्हें राजधानी को टोबुर्क ले जाना पड़ा.

<bold>(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए <link type="page"><caption> यहां</caption><url href="https://play.google.com/store/apps/details?id=uk.co.bbc.hindi " platform="highweb"/></link> क्लिक करें. आप हमें <link type="page"><caption> फ़ेसबुक</caption><url href="https://www.facebook.com/bbchindi" platform="highweb"/></link> और <link type="page"><caption> ट्विटर</caption><url href=" https://twitter.com/BBCHindi" platform="highweb"/></link> पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं. )</bold>